
योजना दुबे
नई दिल्ली। लंबे समय से कॉमेडी फिल्मों में अपने चुलबुले किरदार से दर्शकों को गुदगुदाने वाले अजय देवगन एक बार फिर अपने पुराने अंदाज़ में नज़र आए हैं। अजय का एक्शन फिल्मों में पुर्नवतार हुआ है फिल्म 'सिंघम' के साथ। 'गजनी' और 'वांटेड' से शुरु हुआ एक्शन फिल्मों की वापसी का दौर 'सिंघम' में अपने शबाब पर पहुंच गया है। अजय देवगन ने इस फिल्म में धड़कने बढ़ाने वाले एक्शन सीन किए है।
रोहित शेट्टी की फिल्म एक्शन से भरी पड़ी है। एक्शन निर्देशक जय सिंह ने बॉलीवुड के कुछ बेहतरीन एक्शन सिक्वेंस इस फिल्म में दिए है। अजय देवगन अकेले दम पर गुंडों की पूरी फौज से भिड़ जाते हैं लेकिन खूबसूरती यही है कि सीन अविश्वसनीय नहीं लगते। स्लो मोशन एक्शन कट्स, जुबान पर चढ़ने वाले डॉयलॉग्स औऱ तेज़ कथानक से 'सिंघम' शुरु से आखिर तक रोमांचक बनी रहती है। 70 और 80 के दौर के अच्छे पुलिस अफसर और विलेन की एक दूसरे को पछाड़ने की कहानी को नए तरीके से फिल्माया गया है।
बाजीराव सिंघम (अजय देवगन) एक ईमानदार पुलिस अधिकारी है जो अपने अनूठे तरीके से अपने गांव शिवगढ़ में कोई जुर्म नहीं होने देता। लेकिन गोवा पर अपनी दौलत और जुर्म की बादशाहत से राज करने वाले डॉन जयकांत शिर्के (प्रकाश राज) से सिंघम की मुठभेड़ उसकी जिंदगी में तूफान ला देती है। बदले की आग में शिर्के सिंघम का तबादला गोवा करा देता है उसकी जिंदगी नर्क बनाने में जुट जाता है। लेकिन यहीं उसकी सबसे बड़ी गलती साबित होती है क्योंकि सिंघम सिस्टम को अपने मुताबिक ढालकर शिर्के की बुनियाद हिला देता है।
'सिंघम' का सबसे बड़ा यूएसपी है अजय देवगन और प्रकाश राज की स्क्रीन केमेस्ट्री। हीरो और विलेन का जब-जब एनकाउंटर होता है दोनों ही सितारे एक दूसरे से बढ़-चढ़कर एक्टिंग करते हैं। फिल्म में दोनों के किरदार भी टक्कर के है। कहीं भी ऐसा नहीं होने दिया गया कि कोई किरदार बाकी पर भारी पड़े। पुलिसवाले की भूमिका में जहां अजय देवगन लाजवाब है वहीं खतरनाक डॉन के किरदार को पूरी शिद्दत से जीते हैं प्रकाश राज। जहां-जहां दोनों आमने सामने आए है वो सीन जानदार बन गए हैं।
फिल्म में भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई को भी आवाज दी गई है। स्क्रीन पर जब पूरा गांव गुंडों की फौज से भिड़ जाता है औऱ पूरा डिपार्टमेंट भ्रष्टाचार के खिलाफ एकजुट होता है दर्शकों की खूब तालियां मिलती है।
निर्देशक रोहित शेट्टी को कसी हुई कहानी और संवाद के लिए युनूस सजावल और फरहाद साजिद का शुक्रगुजार होना चाहिए। फिल्म में वैसे तो दक्षिण की हीरोइन काजल अग्रवाल भी है लेकिन वो कही कही अजय देवगन के साथ गेस्ट रोल में ही दिखाई दी है।
अगर आप एक्शन फिल्मों के दीवाने है औऱ हॉलीवुड की टक्कर के एक्शन सीन देखना चाहते हैं तो 'सिंघम' ज़रुर देखिए। अजय देवगन और बॉलीवुड के नए विलेन प्रकाश राज के बेहतरीन अभिनय के लिए भी 'सिंघम' देखी जा सकती है। 'सिंघम' अच्छाई और बुराई की लड़ाई की सीधी साधी कहानी है।